अमित शाह ने लिखा ऐसा शुभकामना संदेश कि भड़क गए लोग, केरल के सीएम ने भी लिखा जवाबी पोस्ट

अमित शाह ने लिखा ऐसा शुभकामना संदेश कि भड़क गए लोग, केरल के सीएम ने भी लिखा जवाबी पोस्ट

अमित शाह ने ओणम की बधाई देते हुए विष्णु के पाचंवे अवतार वामन की तस्वीर ट्विटर पर शेयर की।

भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह मंगलवार (13 सितंबर) को केरल के प्रमुख त्योहार ओणम पर दिए गए अपने बधाई  संदेश को लेकर आलोचनाओं में घिर गए। शाह ने ट्वीटर पर ओणम की बधाई देते हुए विष्णु के पाचंवे अवतार वामन की एक तस्वीर शेयर की जिसमें वो महाबली (असुर राजा) के सिर पर पैर रखे नजर आ रहे थे। राज्य के मुख्यमंत्री पिनारायी विजयन ने शाह के ट्वीट को केरलवासियों और ओणम त्योहार के लिए अपमानजनक बताया। शाह के ट्वीट से पहले राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की मलयालम पत्रिका केसरी में प्रकाशित एक लेख में दावा किया गया कि ओणम का त्योहार वामन जयंति के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। इस लेख पर भी काफी विवाद हुआ। पत्रिकार में छपे लेख की आलोचना पर केरल बीजेपी के अद्यक्ष के राजशेखरन ने कहा कि विवादित लेख में लेखक ने अपने निजी विचार रखे हैं।

अमित शाह ने ट्वीट किया था, “सभी को वामन जंयति पर हार्दिक शुभकामनाएं….वामन: भगवान विष्णु के पांचवे अवतार।” शाह के ट्वीट पर सोशल मीडिया पर भी तीखी प्रतिक्रिया हुई। कई लोगों ने कहा कि ओणम एक सांस्कृतिक और कृषि से जुड़ा त्योहार है जिसे केरल के सभी समुदाय मानते हैं और इसे धार्मिक रंग नहीं देना चाहिए। दिल्ली में बीजेपी नेताओं ने शाह के ट्विट पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्होंने केवल केरल के लोगों को ओणम की शुभकामना नहीं दी थी, ओणम तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और कर्नाटक इत्यादि में भी मनाया जाता है, इसीलिए पार्टी प्रमुख ने उन लोगों को शुभकामना दी जो इसे वामन जंयति के तौर पर मनाते हैं। बीजेपी के प्रशिक्षण और प्रकाशन केंद्रीय समिति के प्रमुख आर बालाशंकर ने कहा, “वो केरलवासियों को थिरू ओणम की बधाई देंगे, जो कल (बुधवार) है।” बालाशंकर के अनुसार, “ओणम केरल में एक सामाजिक त्योहार है और बीजेपी महाबली और ओणम से जुड़ी किसी नई मान्यता को प्रश्रय नहीं देती।” केरल बीजेपी के नेताओं ने ओणम की बधाई देते समय वामन का जिक्र नहीं किया।

केरल के सीएम पी विजयन ने कहा, “महाबली समानता पर आधारित मलयाली समाज के प्रतीक माने जाते हैं। उन्हें पाताल लोक भेजने वाले वामन की तारीफ करके शाह ने उन सभी सामाजिक मूल्यों का अपमान किया है जिनके वो प्रतीक हैं। उन्होंने केरल और केरलवासियों को बदनाम किया है। उन्हें अपना बयान वापस लेते हुए माफी मांगनी चाहिए।”

Courtesy: jansatta.com

Categories: India