अपनी विफलता को छिपाने के लिए पीएम मोदी मन्दिरों के चक्कर काटना शुरू कर देते हैं- मायावती

अपनी विफलता को छिपाने के लिए पीएम मोदी मन्दिरों के चक्कर काटना शुरू कर देते हैं- मायावती

लखनऊ। बीएसपी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने उत्तर प्रदेश में पार्टी संगठन में जरूरी परिवर्तन करके यहां जुलाई में होने वाले शहरी निकाय के चुनाव में पूरी तैयारी के साथ लड़ने का कार्यक्रम तय करने के बाद दूसरे प्रदेशों में पार्टी संगठन के कार्यकलापों की समीक्षा करने के क्रम में हरियाणा, पंजाब व चण्डीगढ़ में पार्टी की स्थिति और वहां सर्वसमाज में जनाधार को बढ़ाने के कार्यों की समीक्षा की।
इस बैठक में इन राज्यों में बीएसपी के वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ पार्टी के केन्द्रीय प्रभारियों ने भी भाग लिया। उन लोगों ने अपने-अपने राज्यों में पार्टी की गतिविधियों व जमीनी स्तर पर पार्टी की सक्रियता के बारे में अपनी रिपोर्ट पार्टी प्रमुख को पेश की। प्रभारियों ने बताया कि बीएसपी के तत्वाधान में ईवीएम के माध्यम से उत्तर प्रदेश व उत्तराखण्ड राज्यों में हुई चुनावी धांधली के खिलाफ गत 11 अप्रैल को राज्य के मुख्यालय पर सफल धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया।

 
उन्होंने बताया कि भाजपा द्वारा वोटिंग मशीन में गड़बड़ी करके चुनाव जीतने की आशंका आमजनता में काफी प्रबल होती जा रही है, जिसका समुचित समाधान देश के लोकतन्त्र के हित में आवश्यक है और अगले चुनाव से पहले इस सम्बंध में मूलभूत सुधार आवश्यक है।

 
हरियाणा, पंजाब व चण्डीगढ़ के राजनीतिक हालात का जायजा़ लेने के बाद बैठक को सम्बोधित करते हुए बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने कहा कि केन्द्र व बीजेपी शासित राज्यों द्वारा ’भगवा तुष्टीकरण’ की नीति पर चलकर इससे जुड़े आपराधिक तत्वों को हर स्तर पर व हर प्रकार का गलत संरक्षण दिया जा रहा है, जिससे देश में अव्यवस्था जैसा माहौल हो गया है।

 
बीएसपी सुप्रीमो ने कहा कि जब भी बीजेपी व मोदी सरकार जनहित, जनकल्याण व देशहित के मामलों में फेल होती हुई नजर आती है तो प्रधानमंत्री मोदी व बीजेपी का शीर्ष नेतृत्व आमजनता का ध्यान उस विफलता की तरफ से बांटने के लिये भगवान के दर्शन व मन्दिरों के चक्कर काटना शुरू कर देते हैं। मायावती ने कहा कि मोदी सरकार धर्म का राजनीतिक इस्तेमाल करके पार्टी व सरकार की विफलताओं पर से लोगों का ध्यान बांटने का प्रयास कर रही है। इससे पहले भी बीजेपी के नेताओं द्वारा धर्म के माध्यम से चुनावी लाभ के लिये इस्तेमाल किया जाता रहा है।

 
बीएसपी सुप्रीमो ने कहा कि पंजाब को हालांकि बीजेपी व अकाली दल की गठबंधन सरकार से मुक्ति मिल गई है, परन्तु हरियाणा में बीजेपी का कट्टरवाद व संकीर्ण राष्ट्रवाद प्रदेश को लगातार पीछे ढकेलता जा रहा है। संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों व मंत्रियों की भाषा व व्यवहार संविधान की मंशा व कानून से मेल नहीं खाता है, जिससे अनेकों गलत कराणों से हरियाणा की बीजेपी सरकार सुर्खियों में रहती है। वहां के दलितों के प्रति भी राज्य सरकार का रवैया न्यायपूर्ण व सहानुभूति का नहीं होने कारण उन वर्गों का शोषण व अन्याय पहले की तरह ही लगातार जारी है।

Courtesy: nationaldastak.

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