‘शराबयुक्त’ गुजरात में आपका स्वागत है, 13.5 लाख रुपए की 383 विदेशी शराब की बोतलें बरामद

‘शराबयुक्त’ गुजरात में आपका स्वागत है, 13.5 लाख रुपए की 383 विदेशी शराब की बोतलें बरामद

जैसे-जैसे गुजरात विधानसभा चुनाव की तारीख नजदीक आ रही हैं वैसे-वैसे राज्य में शराब की तस्करी के मामले बढ़ते जा रहे हैं।

अहमदाबाद के मेमको शेयोना रेस्टोरेंट से विदेशी शराब की 383 बोतलें जब्त की गईं जिसकी किमत 13.5 लाख रुपए हैं। गुजरात के चुनावी माहौल में 13.5 लाख रुपए की शराब का क्या काम था? जब गुजरात में शराबबंदी लागू है फिर ये शराब राज्य में कैसे आएं?

इस तरह की घटनाएं मौजूदा बीजेपी सरकार की कार्यशैली पर बड़ा सवालिया निशान लगाती हैं। क्या यहीं है गुजरात मॉडल? ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, गुजरात चुनाव के ऐलान के बाद से ऐसी खबरें लगभर आम हो चुकी हैं।
6 नवंबर, 2017 को भी गुजरात के मेहसाणा जिला के कारनसागर गांव के सीमा पर शराब से भरी गाड़ी को बरामद किया गया था।

उसके पहले वडोदरा के दुमाद क्षेत्र में एक्सप्रेसवे पर शराब से भरी कार दुर्धटनाग्रस्त हो गयी थी। दरअसल सफेद मारुति सेलेरियो एक्सप्रेसवे पर एक काली मर्सिडीज-बेंच कार से टकरा गई थी।
इस टक्कर की वजह से अवैध रूप से ले जाए जा रहे बियर के कार्टन्स सड़क पर गिरकर फट गए और बियर की कैन्स सड़क पर बिखर गईं। इस घटना के अगले दिन (16 अक्टूबर) ही प्रधानमंत्री का गुजरात दौरा भी था।
बता दें कि 1960 में जब महाराष्ट्र से अलग होकर गुजरात वजूद में आया तब से ही वहां शराब पर पाबंदी है। यही वजह है कि गुजरात को ड्राई स्टेट भी कहा जाता है।
बीबीसी में प्रकाशित प्रशांत दयाल कि रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 6 सालों में वहां 2500 करोड़ रुपए की अवैध शराब ज़ब्त हुई। राज्य में ग़ैरक़ानूनी ज़हरीली शराब पीने से अब तक हजारों लोगों की मौत हो चुकी है लेकिन आजतक एक भी शराब बेचने वाले या पीने वाले को सज़ा नहीं हुई है।
चूंकि दस्तावेजों में ही सही लेकिन गुजरता में शराब पर पाबंदी है जिसकी वजह से कथित रूप से राजस्व का नुकसान होता है। इसकी भरपाई के लिए केंद्र सरकार सूबे को सालाना 1200 करोड़ देती है और ये राशि 1960 से आज तक लगातार मिल रही है।

 

Courtesy: boltahindustan

Categories: India

Related Articles

Write a Comment

Your e-mail address will not be published.
Required fields are marked*