योगीराज में एक स्कूल ऐसा भी है जहां बच्चों को पानी से होकर जाना पड़ता है

योगीराज में एक स्कूल ऐसा भी है जहां बच्चों को पानी से होकर जाना पड़ता है

गाजीपुरः कहा जाता है कि असली भारत गांवों में बसता है। एक ओर पीएम मोदी स्वच्छ भारत-स्वस्थ भारत के सपने को साकार करने में लगे हुए है तो दूसरी ओर जमीनी स्तर पर ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को स्कूल तक पहुंचाने का कोई खास प्रयास नहीं हो रहा है। इसका उदाहरण गाजीपुर के गांव नोनहरा में देखा जा सकता है।

पिछले एक साल से भी ज्यादा समय से छात्र हाथों में जूता और कंधों पर बैग रखकर पानी से होकर स्कूल जाने को मजबूर हैं। कुछ यही हाल उनके शिक्षकों और ग्रामीणों का भी है।

हाथों में स्कूली जूता और तन पर स्कूली ड्रेस और कंधे पर बैग टांगे छात्र गंदे पानी से होकर अपने स्कूल पहंुचते हैं। पिछले एक साल से भी ज्यादा समय से पानी जमा है। कई बार इस गंदे पानी में गिरकर घायल भी हो चुके हैं। इस गंदे पानी की जद में ना सिर्फ इनका भविष्य बल्कि इनका स्वस्थ भी आ गया है। हर महीने कई बच्चे बीमारियों का शिकार हो रहे हैं। इस गंदे पानी से गांव वाले भी खासे परेशान हैं क्योंकि बरसात के दिनों में यह पानी इनके घरों में भी घुस जाता है।

सड़क पर गांव की मस्जिद भी है, जहां अल्पसंख्यक समुदाय को जुम्मे के दिन नमाज अदा करने में भी परेशानी आती है। यह गांव का मुख्य मार्ग है जिससे गुजरना गांव के लोगो की मजबूरी भी है।

इस मार्ग पर जो गंदा पानी लगा है वह गाँव के तालाब पर अतिक्रमण का नतीजा है। गाँव वालों ने बताया कि पहले पूरे गाँव का गंदा पानी उसी तालाब में जाता था लेकिन उसपर अतिक्रमण हो जाने से ये गंदा पानी सालों से मुख्य सड़क पर बह रहा है।

वहीं ग्राम पंचायत के सदस्य ने बताया कि 2016-17 में तालाब की सफाई के नाम पर ग्राम प्रधान ने लाखों रुपए डकार गया। लेकिन तालाब की सफाई नहीं कराया। वहीं ग्राम प्रधान का कहना है कि उसने कई बार जेसीबी से तालाब की सफाई करायी पर उसके बाद भी गांव के ही लोगों ने ही  उसपर अतिक्रमण कर लिया।

वहीं इस मामले पर डीएम के बालाजी ने कहा कि मामला मीडिया के द्वारा संज्ञान में आया है और वहाँ पर नाली की व्यवस्था की जायेगी।

Courtesy: samacharplus

Categories: Politics
Tags: BJP, School, UP, yogi

Related Articles