नक्सलियों के ख़ुलासे से साबित हो गया कि ‘नोटबंदी’ BJP के लिए करोड़ों का घोटाला करने का व्यवसाय था: तेजस्वी यादव

नक्सलियों के ख़ुलासे से साबित हो गया कि ‘नोटबंदी’ BJP के लिए करोड़ों का घोटाला करने का व्यवसाय था: तेजस्वी यादव

बिहार के औरंगाबाद में शनिवार को हुए नक्सली हमले के बाद अब बीजेपी एमएलसी राजन कुमार सिंह के नक्सलियों से कनेक्शन की बात सामने आई है।

नक्सली संगठन भाकपा माओवादी दस्ते ने हमले की जिम्‍मेदारी लेते हुए कहा कि उनके निशाने पर एमएलसी थे। नक्‍सलियों का दावा है कि राजन कुमार ने नोटबंदी के दौरान उनसे बदलने के लिए पांच करोड़ रुपये लिए थे, जो नहीं लौटाए।

इसके अलावा 2 करोड़ रुपये लेवी के रुप में अलग से वसूले गए थे। वो भी बीजेपी नेता राजन सिंह के ही पास थे। जिसे उन्होंने वापस नहीं किए। यह दावे संगठन ने एक पर्चे के ज़रिए किए।
नक्सली संगठन ने अपने पर्चे में लिखा कि माओवादियों तथा उनके रिश्तेदारों की संपत्ति सरकार द्वारा अन्यायपूर्ण तरीके से जब्त की जा रही है जिसका संगठन विरोध कर रहा है।
पर्चे में यह भी बताया गया है कि भाजपा के जमींदारों तथा ठेकेदारों के खिलाफ संपत्ति जब्ती की कार्रवाई जारी रहेगी। बता दें कि ज़िले के दवे इलाके में हुए हमले में नक्‍सलियों ने राजन कुमार के चाचा नरेंद्र सिंह को भून डाला। साथ ही बसों व ट्रैक्‍टरों सहित अनेक वाहनों को फूंक दिया।

बीजेपी नेता के नक्सल कनेक्शन की बात सामने आने के बाद राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के नेता और बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने बीजेपी पर निशाना साधा है।

उन्होंने ट्विटर के ज़रिए कहा, “नोटबंदी से नक्सलवाद ख़त्म करने का ढोंग करने वाले की पार्टी के MLC ने बिहार में नक्सलियों से नोट बदलने के लिए 5 करोड़ रू ले लिए।

नोटबंदी भाजपाईयों के लिए लाखों करोड़ का घोटाला करने का व्यवसाय था। इनकी नोटबंदी भी फ़ेल और क़ानून व्यवस्था भी फ़ेल”।
Courtesy : bolthahindustan

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